16 February 2019



खेलकूद
मेरीकोम की जीत से शुरूआत
14-05-2012

नई दिल्ली। भारत की स्टार मुक्केबाज एमसी मेरीकोम ने अपने खिताब के बचाव और ओलंपिक टिकट पाने के अभियान की जानदार शुरूआत करते हुए चीन के किनहुआंगदाओ में रविवार को सातवीं विश्व महिला चैम्पियनशिप के प्री क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई। पांच बार विश्व खिताब जीत चुकी भारत की सातवीं वरीय मेरीकोम ने पहले दौर में बाई मिलने के बाद फ्लाइवेट वर्ग (51 किग्रा) के दूसरे दौर के एकतरफा मुकाबले में जापान की अयोको मिनोवा को 20-9 से हराया।मेरीकोम ने किनहुआंगदाओ से कहा कि यह काफी अजीब मुकाबला था, मुझे नहीं पता कि इसके बारे में कैसे बताऊं। मेरी विरोधी काफी मजबूत थी, लेकिन उसके पास कोई कौशल या तकनीक नहीं थी। उसके पास सिर्फ स्ट्रैंथ थी। वह बैल की तरफ लड़ रही थी और सिर्फ मेरे पेट पर मार रही थी। उन्होंने कहा कि आज के मुकाबले में मैंने अधिकतर बाएं हाथ से हुक का इस्तेमाल किया। वह काफी भ्रम में थी और उसे नहीं पता था कि क्या करना है। अगर मैं भी उसकी रणनीति अपना लेती तो यह सड़कों पर होने वाली लड़ाई बन जाती। हेनसेन से मुकाबला मेरीकोम को अंतिम 16 के मुकाबले में नार्वे की मेरियल हेनसेन का सामना करना है। हेनसेन ने अपने पहले मुकाबले में मैक्सिको की जैदा एनरिकेज केडिलो को 21-7 से हराया। भारतीय मुक्केबाज ने कहा कि मैं पहली बार उसका सामना कर रही हूं। देखते हैं कि यह कैसा रहता है। ओलंपिक में महिला मुक्केबाजी में सिर्फ तीन भार वर्ग 51 किग्रा, 60 किग्रा और 75 किग्रा के मुक्केबाजों को पदार्पण का मौका मिलेगा। मेरीकोम के वर्ग में ओलंपिक के लिए एशिया से दो कोटे उपलब्ध हैं और मणिपुर की मुक्केबाज को इसमें से एक हासिल करने का प्रबल दावेदार माना जा रहा है। मेरीकोम ने आज प्रभावी शुरूआत की और पहले दौर में 4-1 की बढ़त बना ली। भारतीय मुक्केबाज ने दूसरे दौर तक स्कोर 11-4 तक पहुंचाकर शिकंजा कस लिया। मिनोवा ने अंतिम दो मिनट में जोरदार वापसी की कोशिश की, लेकिन तब तक मेरीकोम काफी बड़ी बढ़त बना चुकी थी। ओलंपिक वर्ग के इतर 54 किग्रा वर्ग में शिरकत कर रही भारत की सोनिया लाठेर को जर्मनी की एलेना वालेंजिक के हाथों पहले दौर में 9-18 से हार झेलनी पड़ी।