19 February 2019



अंतरराष्ट्रीय
मनमोहन ने जी-20 से जताई उम्मीरद
18-06-2012

लास कैबोस [मैक्सिको]। जी-20 शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए रविवार शाम सान जोस डेल कैबो अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरने के बाद प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के काफिले ने जैसे ही होटल के लिए प्रस्थान किया, रास्ते में एक विशाल बोर्ड पर हिंदी में लिखा हुआ था आपका स्वागत है। इसको देखकर प्रधानमंत्री के चेहरे पर खुशी के भाव स्पष्ट नजर आने लगे। प्रधानमंत्री ने सान जोस डेल कैबो अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरने के तत्काल बाद कहा कि विश्व गहरे संकट में है। आशा है कि जी-20 दुनिया को संकट से उबारने के लिए रचनात्मक प्रस्तावों के साथ सामने आएगा। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह सोमवार सबसे पहले वह ब्रिक्स के नेताओं- ब्राजील के राष्ट्रपति डिल्मा रोसेफ, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, चीनी प्रधानमंत्री वेन जियाबाओ और दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति जैकब जुमा- के साथ बैठक करेगे। अधिकारियों ने कहा कि शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के साथ ही मनमोहन सिंह सोमवार को अन्य नेताओं से भी मिलने वाले है। इन नेताओं में मेक्सिको के राष्ट्रपति फेलिप काल्डेरॉन और जर्मनी की चांसलर एंजेला मार्केल शामिल है। अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के साथ भी उनकी अनौपचारिक मुलाकात की संभावना है। द्विपक्षीय बातचीत बुधवार तक जारी रहेगी। भारतीय पक्ष ने जी-20 शिखर सम्मेलन से पहले कुछ सकारात्मक संकेत महसूस किए हैं, क्योंकि ग्रीस में संसदीय चुनाव के परिणाम संकेत कर रहे है कि कर्ज के बोझ से दबा यह देश यूरोजोन में बना रह सकता है। वास्तव में मैक्सिको के लिए रवाना होने से पहले प्रधानमंत्री ने स्थिति पर चिंता जाहिर की थी। मनमोहन सिंह ने कहा था कि यूरोप की यह स्थिति खासतौर से चिंताजनक है, क्योंकि यूरोप वैश्विक अर्थव्यवस्था में एक बड़ी हिस्सेदारी रखता है, तथा भारत का एक प्रमुख व्यापारिक और निवेश साझेदार है। प्रधानमंत्री ने कहा कि अवहां लगातार समस्या बने रहने से वैश्विक बाजार मंद होगा और हमारे आर्थिक विकास पर उसका विपरीत असर पड़ेगा। हम आशा करते है कि यूरोपीय नेता वित्ताीय समस्याओं के समधान के लिए ठोस कार्रवाई करेगे। वास्तव में मनमोहन सिंह उन प्रथम नेताओं में शामिल है, जिनकेसाथ मेजबान और मेक्सिको के राष्ट्रपति फेलिप काल्डेरान शिखर सम्मेलन के इतर मौके पर द्विपक्षीय बातचीत करने वाले है। काल्डेरान 2007 में जब दिल्ली आए थे तो दोनों पक्षों ने अपने संबंधों को विस्तार दिया था। 79 वर्षीय मनमोहन सिंह, जी-20 समूह के नेताओं में सबसे उम्रदराज भी है। इस समूह का गठन, 1999 में दुनिया को अपनी गिरफ्त में लेने वाले आर्थिक संकट से उबरने के रास्ते तलाशने के लिए वित्त मंत्रियों और केंद्रीय बैंक के गवर्नर्स के स्तर पर हुआ था। यह समूह 2008 में बढ़कर शिखर सम्मेलन स्तर पर पहुंच गया। इस समूह का पहला शिखर सम्मेलन 2008 में वाशिंगटन में हुआ था। मैक्सिको में हो रहा जी-20 शिखर सम्मेलन इस श्रृंखला की सातवीं कड़ी है। लॉस कैबोस एक विश्व धरोहर स्थल है। मैक्सिको के बाजा कैलीफोर्निया प्रायद्वीप के दक्षिणी छोर पर स्थित लॉस कैबोस एक रिसॉर्ट शहर है, जो तीन तरफ से प्रशांत महासागर और कैलीफोर्निया की खाड़ी से घिरा हुआ है।