19 February 2019



अंतरराष्ट्रीय
भारत-पाक के संबंध सामान्य तभी हो सकेंगे जब…………….
09-07-2012

टोक्यो। भारत ने पाकिस्तान से कहा है कि दोनों देशों के संबंध तभी सामान्य हो सकेंगे जब आतंकवाद का पूरी तरह से खात्मा होगा। विदेश मंत्री एमएम कृष्णा ने यहां पाकिस्तानी विदेश मंत्री हिना रब्बानी खर से करीब आधे घंटे की मुलाकात के दौरान यह बात कही। दोनों नेता अफगानिस्तान के मुद्दे पर आयोजित कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लेने आए हैं।मुलाकात के दौरान कृष्णा ने मुंबई हमले के दोषियों को सजा दिलाने के लिए समुचित कार्रवाई किए जाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इसके लिए हमने अतिरिक्त सबूत भी उपलब्ध कराए हैं। सूत्रों के मुताबिक, कृष्णा ने लश्कर-ए-तैयबा के संस्थापक हाफिज सईद के भारत विरोधी अभियान की ओर भी खर का ध्यान खींचा। इसके अलावा पाकिस्तान की जेल में बंद सरबजीत सिंह और अन्य कैदियों के बारे में चर्चा की। दोनों ने नई दिल्ली में दो दिन पहले संपन्न हुई विदेश सचिव स्तर की वार्ता के परिणामों के बारे में अपने अपने आकलन से भी एक-दूसरे को अवगत कराया। दोनों मंत्रियों ने कृष्णा के सितंबर के पाकिस्तान दौरे के बारे में भी बातचीत की।सीमापार आतंकवाद से निपटने के लिए अफगानिस्तान को मदद जरूरीपाकिस्तान में मौजूद आतंकवाद के सुरक्षित पनाहगाहों की ओर इशारा करते हुए भारत ने कहा है कि अफगानिस्तान को इन खतरों से निपटने के लिए वैश्विक समुदाय से मदद की जरूरत है। विदेश मंत्री एसएम कृष्णा ने कहा कि अफगानिस्तान के सामने अपनी सीमाओं से बाहर पैदा आतंकवाद से अब भी व्यापक खतरा है।अफगानिस्तान पर टोक्यो सम्मेलनमें विदेश मंत्री ने कहा, ‘अफगानिस्तान को उसके आत्मनिर्भर बनने के पुराने लक्ष्य को हासिल करने में मदद क रते समय हमें यह भी स्वीकार करना चाहिए कि अफगानिस्तान में हमारी सफलताओं के बावजूद, क्षेत्र में आतंक वाद का मूलभूत वैचारिक, ढांचागत, संचालन संबंधी व वित्तीय ढांचा अब भी मौजूद है।टोक्यो सम्मेलन में करीब 70 देश और अंतरराष्ट्रीय संगठन शामिल हो रहे हैं। इसका मुख्य उद्देश्य अफगानिस्तान में 2012 के बाद सतत विकास सुनिश्चित करना और अफगान सरकार व अंतरराष्ट्रीय समुदाय के बीच साझेदारी की फिर से पुष्टि करना है।हिलेरी को अमेरिका-पाक सहयोग बेहतर होने का इंतजार अमेरिका की विदेश मंत्री हिलेरी क्लिंटन ने उम्मीद जताई है कि पाकिस्तान के नाटो आपूर्ति मार्ग खोले जाने से अमेरिका-पाक संबंधों को फिर से मैत्रीपूर्ण बनाने में मदद मिलेगी। क्लिंटन ने पाकिस्तान के विदेश मंत्री हीना रब्बानी खर से मुलाकात की। नवंबर में नाटो हमले में 24 पाकिस्तानी सैनिकों के मारे जाने पर पिछले सप्ताह हिलेरी के माफीनामे के बाद से दोनों के बीच यह पहली मुलाकात है। हिलेरी ने से कहा, दोनों इस बात से काफी उत्साहित हैं कि हम हालिया कड़वाहटों को भुला पाने में सक्षम हुए हैं। हिलेरी क्लिंटन ने कहा कि सीरिया में सरकार के लिए वक्त हाथ से निकला जा रहा है और उसे देश को बचाने के लिए तत्काल राजनीतिक हस्तांतरण की प्रक्रिया शुरू करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि असद प्रशासन को विनाशकारी हमले से बचने के लिए तुरंत बदलाव लाने की जरूरत है।