22 February 2019



राष्ट्रीय
जायदाद और आपसी जलन बनी लैला की हत्याा का कारण
12-07-2012

मुंबई। करीब साल भर से गायब पाकिस्तानी मूल की बॉलीवुड अभिनेत्री लैला खान की हत्या जायदाद के कारण हुई थी। इसके अलावा उसकी मां के पतियों की आपसी जलन ने भी इस सामूहिक हत्याकाड की आग में घी का काम किया। मुंबई के संयुक्त पुलिस आयुक्त (अपराध शाखा) हिमाशु राय ने बताया कि लैला खान सहित उसके परिवार के छह लोगों की हत्या उसकी मा के तीसरे पति परवेज टाक ने अपने एक साथी शाकिर हुसैन के साथ मिलकर 7-8 फरवरी 2011 की रात को की थी। कश्मीर का शाकिर हुसैन लैला खान के इगतपुरी स्थित बंगले का चौकीदार था। हत्या करने के बाद परवेज और शाकिर सभी छह लोगों के शव बंगले में दफनाकर कश्मीर भाग गए थे। 14 फरवरी को लैला की मा सेलिना की स्कॉर्पियो कार कश्मीर पुलिस को मिली। हत्या से कुछ ही दिन पहले सेलिना ने अपनी पूरी जायदाद की पावर ऑफ अटॉर्नी अपने दूसरे पति आसिफ शेख के नाम की थी। टाक ने बताया कि वह, सेलिना और सेलिना की एक रिश्तेदार लड़की टीलू दो फरवरी, 2011 को मुंबई से 130 किलोमीटर दूर इगतपुरी स्थित सेलिना के बंगले पर गए थे। वहा से 7 फरवरी को तीनों के वापस लौटने के बाद लैला ने दोबारा इगतपुरी जाने की योजना बना डाली। इगतपुरी के बंगले में 7-8 फरवरी की रात पूरे परिवार ने जश्न मनाया। इसी दौरान बंगले की ऊपरी मंजिल पर बैठी लैला और परिवार के दूसरे सदस्यों को नीचे से परवेज और सेलिना के लड़ने की आवाजें आने लगीं। परवेज ने बंगले में पड़ी एक लोहे की रॉड से सेलिना के सिर पर वार कर दिया। इसके बाद पकड़े जाने के डर से परवेज ने बंगले के चौकीदार शाकिर हुसैन के साथ मिलकर एक-एक कर सभी सदस्यों को मौत के घाट उतार दिया। -दुबई में बसने की थी तैयारी : लैला का पूरा परिवार दुबई में बसने की तैयारी कर रहा था। पासपोर्ट नहीं होने के कारण परवेज उनके साथ जा नहीं सकता था। दूसरी ओर, सेलिना अपनी जायदाद की देखभाल का जिम्मा अपने दूसरे पति आसिफ शेख को देकर जाना चाहती थी। आसिफ पर ज्यादा भरोसा करने वाली सेलिना से परवेज का अक्सर झगड़ा होता था। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल हुई लोहे की राड, दो चाकू और दो मोबाइल फोन बरामद कर लिए हैं।