18 February 2019



खेलकूद
लंदन ओलंपिक में डोपिंग करने वाले एथलीटों का फंसना तय
12-07-2012

मुंबई। लंदन ओलंपिक में डोपिंग करने वाले एथलीटों का फंसना तय है। विश्व डोपिंग रोधी एजेंसी (वाडा) अपने अभियान में और सख्ती लाते हुए ओलंपिक खेलों के इतिहास के इस बार सबसे ज्यादा डोप टेस्ट करेगी। इस दौरान 6000 से ज्यादा नमूने जांचे जाने की उम्मीद है। वाडा के अध्यक्ष जॉन फाहये ने कहा, यह ओलंपिक इतिहास में सर्वाधिक डोप टेस्ट वाले खेल होंगे और जो खिलाड़ी इसमें शामिल होंगे उनके लिए यह जानना जरूरी है कि खेल गांव में कदम रखने के साथ ही उन पर डोपिंग रोधी अधिकारियों की कड़ी नजर रहेगी। आइओसी और लंदन ओलंपिक समिति ने एंटी डोपिंग कार्यक्रम बनाया है, जिसके तहत 6250 एथलीटों के नमूनों की जांच की जाएगी। इसके अलावा वाडा ने संदिग्ध एथलीटों के बारे में जानकारी साझा करना शुरू कर दी है। फाहये ने साफ किया कि उनका मकसद 27 जुलाई से शुरू होने वाले खेलों को साफ सुथरा बनाना है। इसके लिए यूके एंटी डोपिंग को ट्रेनिंग कैंप के दौरान भी एथलीटों का टेस्ट अनिंवार्य करना चाहिए। फाहये ने कहा कि डोपिंग में लिप्त खिलाड़ियों को यह जानना जरूरी है कि उनकी टेस्ट देने से बचने की उम्मीद बहुत कम है। मैं साफ तौर पर यह बताना चाहूंगा कि अगर आप डोपिंग एथलीट हैं और लंदन में हिस्सा लेने की तैयारी कर रहे हैं, तो आपको इससे दूर ही रहना ठीक होगा। वाडा अध्यक्ष के मुताबिक, 'डोपिंग धोखा है और अगर आप लंदन में ऐसा करते हो, तो आप न सिर्फ खुद को बल्कि अपनी टीम, साथी खिलाड़ियों और दुनियाभर में अपने लाखों प्रशंसकों को धोखा दे रहे हो। डोपिंग करने वाला एथलीट कभी सफल नहीं हो सकता। अगर वह पदक जीत भी लेता है तो शीशे के सामने खुद को देखकर यह नहीं कह सकता कि वह इसका हकदार था।'