24 February 2019



अंतरराष्ट्रीय
असद पर होगी कड़ी कार्रवाई
25-07-2012

पेरिस। अरब लीग की ओर से सीरियाई राष्ट्रपति बशर अल-असद को भले ही सुरक्षित बाहर निकालने का प्रस्ताव रखा गया हो लेकिन फ्रांस ने यह साफ कर दिया है कि असद को सजा से दूर नहीं रखा जा सकता। फ्रांसीसी विदेश मंत्री लॉरेंट फेवियस ने कहा कि असद पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी और उन्हें सजा भी मिलेगी। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि असद को क्या सजा दी जाएगी यह तो आने वाला समय ही बताएगा।गौरतलब है कि रविवार को अरब के विदेश मंत्रियों ने अल-असद को सत्ता सौंप देने की स्थिति में उन्हें व उनके परिवार को सुरक्षित बाहर जाने देने का प्रस्ताव रखा था। वैसे ही सीरियाई सरकार ने अरब लीग के इस प्रस्ताव को कठोरता से नकार दिया था।दूसरी ओर अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने भी सीरियाई सरकार को चेतावनी दी है कि यदि उसने अपने रासायनिक हथियारों के इस्तेमाल का निर्णय लिया तो उसे इसके लिए जवाबदेह ठहराया जाएगा। इस बीच यूरोपीय संघ ने सीरिया में बढ़ती हिंसा को देखते हुए उसके खिलाफ नए प्रतिबंधों को मंजूरी दे दी है।उधर, सीरिया में बेकाबू हालात के मद्देनजर भारत अपने नागरिकों और दूतावास कर्मचारियों के परिजनों को सीरिया से वापस बुलाना शुरू कर रहा है। वह अपने दूतावास कर्मियों की संख्या में भी कटौती करने जा रहा है।सीरियाई विदेश मंत्रालय ने कहा था कि विदेशी हमले की स्थिति में सीरिया रासायनिक हथियारों का इस्तेमाल कर सकता है, क्योंकि पश्चिमी देश राष्ट्रपति बशर अल-असद के वफादार सैनिकों और विपक्षी बलों के बीच संघर्ष से जूझ रहे देश में संभावित सैन्य हमले को बढ़ावा दे रहे हैं।ओबामा ने कहा, 'सीरिया सरकार के पास मौजूद रासायनिक हथियारों के जखीरे के मद्देनजर हम असद और उनके सहयोगियों को स्पष्ट कर देना चाहते है कि यदि उन्होंने उन हथियारों के इस्तेमाल की त्रासदीपूर्ण गलती की तो दुनिया देख रही है और अंतरराष्ट्रीय समुदाय तथा अमेरिका इसके लिए उन्हे जवाबदेह ठहराएगा।'बान की मून चिंतित संयुक्त राष्ट्र महासचिव बान की मून ने सीरिया द्वारा रासायनिक हथियारों के इस्तेमाल किए जाने की संभावना को लेकर चिंता जाहिर की और ऐसी किसी भी कार्रवाई को निंदनीय बताया है। उन्होंने सर्बिया की राजधानी में कहा, 'सीरिया में यदि कोई सामूहिक संहार के हथियारों का उपयोग करता है तो यह निंदनीय होगा।' मून की यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है, जब सीरिया ने इसके पहले स्वीकार किया था कि उसके पास रासायनिक और जैविक हथियार है।