19 February 2019



अंतरराष्ट्रीय
तालिबान लड़ाकों के पास तकनीकी ज्ञान
26-07-2012

तालिबान लड़ाकों ने गत एक जून को पाकिस्तानी सीमा से लगे पूर्वी खोस्त प्रांत में अमेरिकी सैन्य अड्डे पर हमले का वीडियो जारी किया था। जिसमें हमले के लिए ज्यादा विकसित तकनीक का प्रदर्शन किया गया था। फुटेज में लड़ाकों को सैन्य वर्दी में दिखाया गया था, जिसमें उनका कमांडर मॉडल और सैटेलाइट तस्वीरों के इस्तेमाल से अमेरिकी सैन्य अड्डे सलेरनो पर हमले के बारे में समझा रहा था। कमांडर कहता है,'सबसे पहले हम इस अभियान का संचालन अल्लाह की खातिर करेंगे। खुदा बगराम में कुरान को जलाए जाने के बदले के रूप में इसे स्वीकार कर सकता है।' लड़ाकों को शिविर में घुसने के बारे में बताते हुए कमांडर ने कहा कि हम हरसंभव कोशिश करेंगे कि आम नागरिकों को कम से कम नुकसान हो। अमेरिकी कंपनी इनटेल सेंटर के मुताबिक दूसरे चरण के हमले को अंजाम देने के लिए सैन्य अड्डे में हमलावरों के प्रवेश करने से पहले प्रवेश की जगह को नष्ट करते हुए एक बड़े ट्रक बम को दिखाया गया है। हमलावर अमेरिकी सेना की वर्दी पहने हुए दिखाए गए हैं। विस्फोट और मुठभेड़ को तीन कोणों से फिल्माया गया था। इससे लड़ाकों के कई बिंदुओं से अवलोकन करने की बात पता चलती है। विश्लेषकों का कहना है कि इस प्रकार के संगठित हमलों में कम हमलावरों की जरूरत पड़ती है और वे उससे अधिक मजबूत प्रतीत होते हैं जितना कि वे वास्तव में हैं। पश्चिमी देश के एक अधिकारी ने बताया कि ये वीडियो दिखाते हैं कि उनके पास तकनीकी ज्ञान है। खोस्त हमले की फिल्म को सबसे पहले अज जजीरा चैनल ने हासिल किया था। बाद में तालिबान ने उसे वॉयस ऑफ जिहाद वेबसाइट पर पोस्ट किया।