19 February 2019



राष्ट्रीय
कसाब से जुंदाल की सच्चादई जानेगी मुंबई पुलिस
07-08-2012

मुंबई । 26/11 हमले में फांसी की सजा पा चुके पाकिस्तानी आतंकी अजमल आमिर कसाब से मुंबई पुलिस की अपराध शाखा अबू जुंदाल उर्फ जैबुद्दीन अंसारी की हकीकत उगलवाना चाहती है। इसके लिए उसने राज्य सरकार को पत्र लिखकर कसाब से पूछताछ की अनुमति मांगी है। कसाब उन दस पाकिस्तानी आतंकियों में शामिल था, जिन्होंने 26 नवंबर, 2008 को मुंबई पर आतंकी हमला किया था। दूसरी ओर भारतीय मूल के अंसारी पर आरोप है कि उसने मुंबई पर हमला करने आए आतंकियों को न सिर्फ हिंदी सिखाई, बल्कि चार दिन चले हमले के दौरान वह ताज होटल एवं नरीमन हाउस पर हमले में शामिल आतंकियों को दिशा-निर्देश भी दे रहा था। कसाब ने मुकदमे के दौरान जुंदाल के नाम का यह कहते हुए जिक्र किया था कि उसे हिंदी सिखानेवाला व्यक्ति एक हिंदुस्तानी था। चूंकि उस समय कसाब का मुकदमा लगभग अंतिम चरण में पहुंच चुका था, इसलिए उस समय मुंबई पुलिस कसाब से इसके बारे में विस्तृत पूछताछ नहीं कर सकी थी। अब जुंदाल मुंबई पुलिस के कब्जे में है। इसलिए वह कसाब से उसके बारे में न सिर्फ विस्तृत पूछताछ करना चाहती है, बल्कि अब तक जुंदाल से मिली जानकारियों की पुष्टि भी करना चाहती है। जरूरत पड़ी तो वह जुंदाल और कसाब को आमने-सामने कर भी कुछ बातों की पुष्टि करेगी। मुंबई हमले के मामले में सरकारी वकील रहे उज्ज्वल निकम का मानना है कि सरकार को यह अनुमति देने में कोई कानूनी अड़चन नहीं होनी चाहिए। हालांकि सुरक्षा कारणों से पुलिस को कसाब से आर्थर रोड जेल में ही पूछताछ करनी होगी। निकम के अनुसार कसाब से पुलिस पूछताछ तो कर सकती है, लेकिन अबू जुंदाल पर मुकदमे के दौरान गवाह के रूप में उसे पेश नहीं कर सकेगी। वह सिर्फ कसाब से मिली जानकारियों का उपयोग जुंदाल के विरुद्ध अपने पक्ष को मजबूत करने के लिए कर सकती है।