22 February 2019



राष्ट्रीय
आत्‍मघाती रास्‍ते पर चल रहे हैं गडकरी, कूड़ेदान में फेंकूंगा नोटिस: जेठमलानी
28-11-2012
भाजपा के बागी नेता राम जेठमलानी के तेवर अभी भी बरकरार हैं। भाजपा संसदीय बोर्ड की ओर से भेजे गए कारण बताओ नोटिस पर उन्‍होंने साफ कहा है कि अब तक उन्‍हें कोई पत्र नहीं मिला है। यदि पत्र मिलता है तो वह जवाब देंगे। यदि जवाब देने लायक नहीं रहा तो कूड़ेदान में फेंक देंगे। इतना ही नहीं, उन्‍होंने भाजपा अध्‍यक्ष नितिन गडकरी को एक बार फिर आड़े हाथों लेते हुए कहा कि गडकरी भाजपा को खुदकुशी की ओर ले जा रहे हैं। (इन 7 अपनों से ही बीजेपी को खतरा)जेठमलानी ने गडकरी को लेकर एक पत्र भी लिखा है। जिसमें कहा गया है कि वह दिसंबर तक व्‍यस्‍त हैं। इसके बाद ही किसी नोटिस का जवाब देंगे। वहीं, जेठमलानी के खिलाफ अब अरुण जेठली भी आ गए  हैं। जेठमलानी के पत्र पर  जेटली का कहना है कि राम जेठमलानी का पत्र जवाब देने लायक नहीं है। (पढ़ें- पार्टी लान्च होते ही सामने आया टीम केजरीवाल का धोखा) गौरतलब है कि राज्यसभा सांसद राम जेठमलानी को फौरन पार्टी से बाहर करने के अध्यक्ष नितिन गडकरी के प्रस्ताव को सोमवार को भाजपा संसदीय बोर्ड ने खारिज कर दिया था। बोर्ड ने जेठमलानी को कारण बताओ नोटिस जारी कर फौरी तौर पर राहत दी है। (बीजेपी मतलब \'भारतीय झगड़ा पार्टी\')। दूसरी ओर, सूत्रों का कहना है कि भाजपा में इतना सबकुछ हो जाने के बाद भी आरएसएस गडकरी को फिर से पार्टी का अध्‍यक्ष बनाने पर तैयार है। संघ प्रमुख मोहन राव भागवत के एक करीबी सूत्र का कहना है कि गडकरी को लेकर संघ शुरू से ही नरम रहा है। गडकरी पर भले ही कितने आरोप लगें, संघ उनका बचाव करता रहेगा।