18 February 2019



प्रादेशिक
सुनील नायक हत्याकांड में यशपाल को उम्रकैद
11-12-2012
प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश के अतिरिक्त न्यायाधीश पी.के. गोधा ने सोमवार की दोपहर पूर्वमंत्री सुनील नायक हत्याकाण्ड के बहुचर्चित मामले में फैसला सुनाते हुए इस हत्याकांड के मुख्य आरोपी यशपाल सिंह राठौर को आजीवन कारावास की सजा से दंडित किया है। साथ ही दस हजार रपए का अर्थदंड भी अधिरोपित किया है। जबकि पृथ्वीपुर के कांग्रेस विधायक बृजेन्द्र सिंह राठौर सहित अन्य दस आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया है। गत विधानसभा चुनाव में ऐन मतदान के दिन भाजपा के प्रत्याशी पूर्वमंत्री सुनील नायक की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस हत्याकांड में कुल 12 लोगों को आरोपी बनाया गया था। पिछले चार वर्षो से लगातार इस मामले की सुनवाई की जा रही थी। सोमवार को इस मामले में फैसला आने की खबर से संभावित तनाव को देखते हुए भारी पुलिस व्यवस्था का इंतजाम किया गया था अपर लोक अभियोजक कौशलकिशोरभट्ट ने बताया कि दोपहर में प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश के अतिरिक्त न्यायाधीश पी.के. गोधा ने अपने कक्ष में जब फैसला सुनाया तो कुछ समय के लिए सन्नाटा सा पसर गया। प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश के अतिरिक्त न्यायाधीश पी.के. गोधा ने अपना फैसला सुनाते हुए पूर्व मंत्री स्व.सुनील नायक हत्याकाण्ड के मुख्य आरोपी यशपाल सिंह राठौर पुत्र अमरसिंह राठौर को धारा 302 भादवि में दोषी पाते हुए आजीवन कारावास एवं दस हजार रुपए के अर्थदण्ड से दंडित किया। वहीं इस घटना में शामिल पृथ्वीपुर विधायक बृजेन्द्र सिंह राठौर सहित अन्य 10 अन्य आरोपियों को दोषषमुक्त कर दिया। उल्लेखनीय है कि बीती 27 नवंबर 2008 को विधानसभा चुनाव के दौरान प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री एवं पृथ्वीपुर से भाजपा के अधिकृत प्रत्याशी सुनील नायक की मतदान के दिन शाम के समय गोली मार दी गई थी। इस मामले में पुलिस ने यशपाल सिंह राठौर को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया था जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया था, जबकि विधायक बृजेन्द्र सिंह राठौर एवं अन्य दस आरोपी फरार हो गए थे। बाद में विधायक बृजेन्द्र सिंह राठौर सहित अन्य को न्यायालय से जमानत मिल गई थी। स्व. सुनील नायक हत्याकांड में न्यायालय का जो फैसला आया है, उसे हम स्वीकार करते हैं, क्योंकि न्यायालय भगवान के मंदिर समान होते हैं। यह प्रतिक्रिया मध्यप्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री सुश्री उमा भारती ने दी। शासन की और से पैरवी कर रहे अपर लोक अभियोजक कौशल किशोर भट्ट ने बताया कि सोमवार को जो फैसला सुनाया गया है उस निर्णय के विरद्व राज्य सरकार को उच्च न्यायालय जबलपुर में अपील करने के लिए लिखा जाएगा।