19 February 2019



राष्ट्रीय
गैंगरेप: मुख्य आरोपी गिरफ्तार, लड़की की हालत गंभीर
18-12-2012
दक्षिण दिल्ली में रविवार रात साढ़े नौ बजे बस में हुई गैंगरेप की घटना ने राजधानी समेत पूरे देश में खलबली मचा दी है। इस घटना ने पुलिस प्रशासन और सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। दक्षिण दिल्ली में रविवार चार्टर्ड बस में हुए गैंगरेप मामले में पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों में एक बस का ड्राइवर ही था। ड्राइवर की पहचान राम सिंह के तौर पर हुई है। आरोप है कि वारदात वाली रात राम सिंह का भाई बस चला रहा था, जबकि राम सिंह अपने दोस्तों के साथ शराब पी रहा था। इसके बाद उसने अपने दोस्तों के साथ मिलकर गैंगरेप की वारदात को अंजाम दिया। रेप के बाद पीड़िता और उसके दोस्त के साथ अमानवीय सुलूक किया गया। दोनों को चलती बस से नीचे फेंक दिया गया। बस को पुलिस ने जब्त कर लिया है। वसंत विहार में जिस चलती बस में युवती से सामूहिक दुष्कर्म हुआ, वह रात भर आरके पुरम सेक्टर-तीन में ही खड़ी रही, जो कि घटनास्थल से महज दस मिनट की दूरी पर है। इतना ही नहीं देर रात दोनों पीडि़तों को चलती बस से फेंकने के बाद बस दक्षिणी दिल्ली में ही घूमती रही, पर पुलिस को खबर तक नहीं लगी। दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि बस का ड्राइवर व क्लीनर आरकेपुरम सेक्टर-तीन स्थित झुग्गी बस्ती में रहते हैं। यह बस नोएडा के एक प्रतिष्ठित स्कूल के बच्चों को लाती-ले जाती है। शाम को नोएडा से आरकेपुरम तक सवारियों को लेकर आती है। रविवार को छुट्टी होने के कारण बस आरकेपुरम में ही खड़ी होती है। 16 दिसंबर की शाम बस का ड्राइवर घर पर ही था। क्लीनर उसके पास आया और बस धुलवा कर लाने की बात कह कर ले गया। आधी रात के बाद उसने बस वापस आरकेपुरम सेक्टर-तीन में उसी जगह पर लाकर खड़ी कर दी, जहां से लेकर गया था। सुबह करीब छह बजे ड्राइवर बस को नोएडा ले गया। करीब 10 बजे सूचना मिली कि जिस बस में दुष्कर्म किया गया, वह रात भर आरकेपुरम सेक्टर-तीन में खड़ी रही थी। सूचना देने वाले ने यह भी बताया कि कुछ युवक जो शराब के नशे में धुत थे, आधी रात के समय बस यहां खड़ी करके गए थे। पुलिस को यह भी पता चला कि आरोपियों ने सेक्टर-तीन में ही वारदात से पहले शराब पी थी। बस को खड़ा करने के बाद वे कुछ बात कर रहे थे, जिसमें लड़का-लड़कीका जिक्र चल रहा था। तुरंत स्पेशल स्टाफ की टीम को वहां भेजा गया। आसपास के लोगों से पूछताछ करने पर पता चला कि बस नोएडा सेक्टर-62 स्थित यादव टूर एंड ट्रैवल की है, जिसके बाद पुलिस ने उनसे संपर्क किया। पुलिस टीम तुरंत नोएडा के लिए रवाना हो गई और बस को नोएडा से जब्त कर लिया गया। फॉरेंसिक टीम भी नोएडा के लिए रवाना की गई। बस के केबिन से युवती के बाल आदि बरामद किए गए हैं। खून के नमूने भी एकत्र कर लिए गए हैं। इन सबूतों को पुलिस काफी अहम मान रही है। इनकी बदौलत आरोपियों को सजा दिलाने में काफी मदद मिलेगी। जिंदगी और मौत से लड़ रही है पीड़िता पीड़िता जिंदगी और मौत से लड़ रही है। उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है। वह अभी भी वेंटिलेटर पर है। लड़की एक फीजियो थेरॉपिस्ट है और उसका दोस्त दोनों ही मेडिकल की पढ़ाई कर रहे हैं। दो घंटे तक चले ऑपरेशन के बाद भी लड़की की हालत नाजुक बनी हुई है। इस घटना को लेकर राजधानी समेत देश के अन्य हिस्सों में विरोध तेज हो गया है। लड़कियां नारे बाजियां कर रही हैं, सोशल नेटवर्किग साइट्स पर लोगों की प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। इस बीच, मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने भी इस मामले पर कड़ी कार्रवाई करने की मांग करते हुए कहा है कि इस तरह की घटनाओं पर लगाम लगाना बहुत जरूरी हो गया है। दक्षिणी जिला के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि आरोपियों की संख्या छह है। इनमें से कुछ राजस्थान के रहने वाले हैं। उनकी तलाश में कई जगह छापेमारी की जा रही है। पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। गुड़गांव में तलाशी जा रही थी बस दुष्कर्म की वारदात के बाद पुलिस ने महिपालपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-आठ पर स्थित कुछ होटलों के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली, जिसमें एक सफेद बस जाती हुई नजर आई। इसके बाद जब पीडि़ता के बॉयफ्रेंड ने पुलिस को बताया कि बस पर यादव ट्रैवल लिखा है और बस सफेद रंग की थी, तो दक्षिणी जिला पुलिस की टीमों ने गुड़गांव में बस की तलाश शुरू कर दी। पुलिस अधिकारी ने बताया कि गुड़गांव में यादव के नमा से कई टूर एंड ट्रैवल हैं। शिकायतकर्ता ने यह भी बताया था कि बस लग्जरी है, जिससे बस मालिक के गुड़गांव के होने की आशंका अधिक हो गई थी, लेकिन सोमवार सुबह जब सूचना मिली तो स्पेशल स्टाफ की एक टीम को नोएडा के लिए रवाना किया गया। पुलिस की तत्परता पर कई सवाल दिल्ली पुलिस आयुक्त के निर्देश हैं कि शाम से लेकर रात लगभग दस बजे तक सभी मुख्य मार्गों पर पिकेट लगा कर वाहनों की चेकिंग की जाएं, जिनमें बसें भी शामिल हैं। देर रात को भी मुख्य जगहों के अलावा सूनसान क्षेत्रों में पिकेट लगा चेकिंग करने के निर्देश हैं, लेकिन इस वारदात ने पुलिस की तत्परता की कलई खोल दी।