16 February 2019



राष्ट्रीय
ओवैसी को 14 दिनों के लिए जेल भेजा
09-01-2013
भड़काऊ व नफरत फैलाने वाला भाषण देने के मामले में मजलिस-ए-इत्तेहादुल-मुसलमीन [एमआइएम] विधायक अकबरुद्दीन ओवैसी को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। ओवैसी को मंगलवार देर रात एक बजे मजिस्ट्रेट के सामने पेश करने के बाद आदिलाबाद जेल भेज दिया गया। वहीं, कवरेज के लिए मीडियाकर्मियों पर ओवैसी के समर्थकों ने हमला कर दिया जिसके कारण कुछ लोगों को हल्की चोटें लगीं। इससे पहले दिन में कई घंटे की जांच के बाद डॉक्टरों ने बताया कि वह ज्यादा पैदल नहीं चल सकते। हालांकि, उन्हें पूछताछ के लिए फिट बताया गया। लिहाजा, ओवैसी को तत्काल गिरफ्तार कर लिया गया। ओवैसी पर आपराधिक षड्यंत्र, लोगों को भरकाने, सरकारी आदेश की अवहेलना के साथ-साथ राजद्रोह और देश के खिलाफ युद्ध छेड़ने का भी आरोप लगाया गया है। पुलिस ने बताया कि ओवैसी को हैदराबाद से करीब 200 किलोमीटर दूर निर्मल टाउन ले जाया जाएगा, जहां उन्होंने यह भाषण दिया था। सोमवार सुबह ओवैसी के विदेश से लौटते ही पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी थी। ओवैसी ने आवेदन भेजकर कहा था कि वह तबीयत ठीक नहीं होने के कारण पेशी के लिए नहीं आ सकते। साथ ही पेशी के लिए चार दिन की मोहलत भी मांगी थी। पुलिस को आशंका थी कि वह बहाना बना रहे हैं। लिहाजा, सोमवार को एक पुलिस दल डॉक्टरों के साथ अकबरुद्दीन ओवैसी के बंजारा हिल्स स्थित घर गया और जांच की, जिसमें उन्हें पूछताछ के लिए फिट पाया। ओवैसी सेहत ठीक न होने की बात पर डटे रहे। लिहाजा, मंगलवार को सरकारी अस्पताल में उनकी फिर जांच कराई गई। जांच में पता चला कि उनके शरीर के अंदर एक गोली फंसी है। गौरतलब है कि प्रॉपर्टी विवाद में अकबरुद्दीन पर मई, 2011 में कातिलाना हमला हुआ था, जिसमें उन्हें गोली लगी थी। ओवैसी के वकील ने बताया कि डॉक्टरों ने उन्हें पेन किलर देने से मना किया है। अगर उन्हें पेन किलर दी गई, तो वह बेहोश हो सकते हैं। ओवैसी की मेडिकल जांच के दौरान गांधी अस्पताल के बाहर खड़े उनके समर्थकों ने तकरीबन साढ़े चार बजे तोड़फोड़ शुरू कर दी। समर्थकों ने अस्पताल के बाहर खड़ी एक बस में भी तोड़फोड़ की। हालात को काबू करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा इस बीच, आंध्र प्रदेश विधानसभा की आचार समिति की बैठक बुलाई गई है, जिसमें ओवैसी की सदस्यता रद करने का भी फैसला हो सकता है। हालांकि, कोई भी फैसला लेने से पहले ओवैसी को सफाई पेश करने का मौका दिया जाएगा। सोमवार को लंदन से हैदराबाद लौटने के बाद ओवैसी ने आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट से अपने खिलाफ दर्ज सभी मुकदमे रद करने की अर्जी दायर कर दी थी। ओवैसी ने 24 दिसंबर को आदिलाबाद में एक जनसभा के दौरान हिंदू देवी-देवताओं पर टिप्पणी करते हुए अनेक अपमानजनक बातें कही थीं। अकबरुद्दीन पर धारा 153ए [धार्मिक भावनाओं को भड़काना] और 295ए [जानबूझकर किसी भी वर्ग या धर्म विशेष के लोगों की भावनाओं को आहत करना] के तहत मामले दर्ज कराए गए हैं असद के दिल्ली स्थित बंगले पर तोड़फोड एमआइएम विधायक व भड़काऊ भाषण मामले के आरोपी अकबरउद्दीन ओवैसी के भाई और सांसद असदुद्दीन ओवैसी के दिल्ली स्थित सरकारी बंगले पर मंगलवार को तोड़फोड़ की गई। सैकड़ों की तादाद में पहुंचे युवाओं और बजरंग दल समर्थकों ने सांसद के अशोक मार्ग स्थित घर पर लगे पोस्टर और रेलिंग तोड़ने के साथ ही उनके खिलाफ नारेबाजी भी की।