22 February 2019



राष्ट्रीय
छात्र नेता की मौत से गुस्साए लेफ्ट का कोलकाता बंद
04-04-2013
पुलिस हिरासत में हुई स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया [एसएफआई] के कार्यकर्ता व छात्र सुदिप्तो गुप्ता की मौत के खिलाफ लेफ्ट पार्टियों ने गुरुवार को कोलकाता बंद का आह्वान किया है। छात्र के परिजनों ने उसकी मौत की जांच का जिम्मा सीबीआई को सौंपने की मांग की है। इस बीच हजारों लोगों की मौजूदगी में बुधवार को छात्र का अंतिम संस्कार कर दिया गया। हालांकि आज के बंद से ट्रांसपोर्ट और दुकानों को अलग रखा गया है लेकिन लेफ्ट से जुड़े छात्र संगठनों ने आज स्कूल और कॉलेज बंद करने की अपील की है। माकपा के प्रदेश सचिव एवं पोलित ब्यूरो के सदस्य विमान बोस ने कहा कि इस मामले के सभी दोषियों को सजा दी जाए। इस बीच वाम मोर्चा के अध्यक्ष बोस ने आरोप लगाया है कि जब सुदीप्तो की मौत हुई उस वक्त ममता आईपीएल उद्घाटन समारोह देख रही थीं। माकपा नेता मो. सलीम ने न्यायिक जांच की मांग दोहराते हुए कहा कि छात्र नेता ने गिरफ्तारी दी थी और वह पुलिस हिरासत में थे। उधर, पश्चिम बंगाल मानवाधिकार आयोग ने एसएफआई नेता की गिरफ्तारी के बाद मौत होने पर स्वत संज्ञान लेते हुए कोलकाता पुलिस के आयुक्त को इस संबंध में एक हफ्ते के अंदर रिपोर्ट सौंपने को कहा गया है। छात्र की ऑटोप्सी रिपोर्ट के मुताबिक उसके शरीर और सिर पर पर कई जगह गंभीर चोट के निशान पाए गए हैं। राज्य की मुख्यमंत्री ने जहां इस मौत को एक हादसा बताया है वहीं छात्र के परिजनों ने पुलिस और प्रशासन से पूछा है कि उसके शरीर पर गंभीर चोटों के निशान कहां से आए हैं। हालांकि पुलिस का कहना है बस पर बाहर की तरफ लटकने के दौरान गुप्ता का सिर एक लैंप पोस्ट से टकरा गया जिससे उसके सिर में गंभीर चोट आई और उसकी मौत हुई गौरतलब है कि गुप्ता उन हजारों प्रदर्शनकारी छात्रों में शामिल था जो राज्य सरकार द्वारा छात्र संघों के चुनाव न कराने के फैसले के खिलाफ सड़क पर प्रदर्शन कर रहे थे। सीपीएम ने इस घटना की न्यायिक जांच की मांग की है। वहीं मुख्यमंत्री ममता बेनर्जी ने भी इस संबंध जो उनसे बन पड़ेगा वह कदम उठाने का विश्वास दिलाया है। सुदिप्तो गुप्ता के दोस्तों का कहना है कि प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने उसको जबरन उठाकर बस में डाल दिया था। सीपीएम नेता सीताराम येचुरी ने इसके लिए मुख्यमंत्री को जिम्मेदार ठहराया है।