16 February 2019



राष्ट्रीय
कपिल सिब्बल कानून मंत्रालय, सीपी जोशी देखेंगे रेल मंत्रालय
11-05-2013

नई दिल्ली। यूपीए सरकार के दो आला मंत्री पवन कुमार बंसल और कानून मंत्री अश्विनी कुमार के इस्तीफे के बाद अब बीजेपी की तरफ से प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के इस्तीफे की मांग जोर पकड़ रही है। दूसरी तरफ, सरकार के सामने एक बड़ा सवाल ये है कि अब खाली हुए इन पदों पर किसे बैठाया जाएगा। सूत्रों के हवाले से खबर है कि कुछ समय के लिए मानव संसाधन विकास मंत्री कपिल सिब्बल कानून मंत्रालय और सड़क परिवहन मंत्री सीपी जोशी रेल मंत्रालय का कार्यभार संभालेंगे। यह व्यवस्था अस्थायी रूप से लागू की जा रही है। कैबिनेट में फेरबदल के बाद मुनियप्पा या मल्लिकार्जुन खड़गे में से किसी एक और रेल मंत्री बनाया जा सकता है। सूत्रों के मुताबिक, फिलहाल रेल मंत्री के तौर पर मल्लिकार्जुन खड़गे का नाम सामने आ रहा है, तो वहीं कानून मंत्री के लिए कपिल सिब्बल और मनीष तिवारी चर्चा में हैं। गौरतलब है कि बीते दिनों कोल घोटाले में कानून मंत्री अश्विनी कुमार और रेल घूसखोरी मामले में फंसे पवन बंसल को इस्तीफा देना पड़ा। इसके बाद से बीजेपी ने अपनी तल्ख टिप्पणियों से सरकार पर निशाना साधा हुआ है। रेल और कानून मंत्री के इस्तीफे के बाद अब विपक्ष प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के इस्तीफे की मांग पर अड़ी हुई है। भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी ने पीएम पर तीखा वार करते हुए ये तो कहा है कि उन्हें पद पर बने रहने का कोई अधिकार नहीं है। वहीं, सुषमा स्वराज ने कहा है कि अगर ये मंत्री पहले ही इस्तीफा दे देते, तो संसद का कामकाज ठप नहीं होता।