18 February 2019



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वन सीमा से 5 कि.मी. परिधि वाले परिवारों को निस्तार सुविधा की पात्रता
23-05-2013
  प्रदेश में लागू निस्तार नीति के तहत गत वर्ष पात्र परिवारों को 59 लाख 60 हजार नग बाँस, 1 लाख 45 हजार नग बल्ली तथा 96 हजार जलाऊ चट्टे प्रदाय किये जाकर 12 करोड़ 83 लाख रुपये की रियायत दी गई।

राज्य शासन द्वारा वनों की सीमा के निकट बसे परिवारों को निस्तार सुविधा उपलब्ध करवाने के लिये निस्तार नीति संचालित की जा रही है। निस्तार नीति के जरिये निस्तार की पात्रता वनों की सीमा से 5 किलोमीटर परिधि में बसे परिवारों को ही दी गई है। पात्र परिवारों को घरेलू उपयोग के लिये बाँस, छोटी इमारती लकड़ी (बल्ली), हल-बक्खर बनाने की लकड़ी और जलाऊ लकड़ी रियायती दर पर दी जाती है। इन वनोपजों की पूर्ति के लिये प्रदेश में 1896 निस्तार डिपो संचालित हैं। इसके साथ-साथ स्वयं के उपयोग के लिये अथवा बिक्री के लिये वनों से सिरबोझ द्वारा गिरी-पड़ी, सूखी जलाऊ लकड़ी लाने की सुविधा दी जा रही है।

बसोड़ परिवारों को रॉयल्टी मुक्त दाम पर बाँस प्रदाय

प्रदेश में 24 हजार 58 बसोड़ परिवार पंजीकृत है। पंजीकृत परिवारों को रॉयल्टी मुक्त दर पर बाँस उपलब्ध करवाया जाता है। इसी तरह बाँस का सामान बनाकर जीविकोपार्जन करने वाले बैगा आदिवासियों को भी सितम्बर, 2009 से निस्तार दर पर बाँस उपलब्ध करवाया जा रहा है।