24 February 2019



अंतरराष्ट्रीय
अब अमेरिका पर हमला हुआ तो जिम्मेदार होगा पाकिस्तान
13-06-2013
वाशिंगटन। एक शीर्ष अमेरिकी सांसद ने पाकिस्तान को चेतावनी दी है कि अगर लश्कर-ए-तैयबा की ओर से उसके देश पर हमला किया गया तो इस्लामाबाद को उसकी जिम्मेदारी लेनी पड़ेगी। उन्होंने लश्कर को पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आइएसआइ द्वारा समर्थित और पोषित आतंकी नेटवर्क बताया। सांसद पीटर किंग ने बुधवार को कांग्रेसनल सुनवाई के दौरान कहा कि हमें पाकिस्तान को स्पष्ट कर देना चाहिए कि लश्कर और आइएसआइ के बीच नजदीकी संबंधों के चलते हमारी सरजमीं पर लश्कर की ओर से किसी भी प्रकार के हमले की जिम्मेदारी उन्हें लेनी होगी। संयुक्त राष्ट्र और अमेरिका ने लश्कर को आतंकी संगठन घोषित कर रखा है। किंग ने लश्कर को आइएसआइ का एक छद्म रूप बताया। न्यूयॉर्क से रिपब्लिकन सांसद किंग ने कहा कि आइएसआइ ही लश्कर को आतंकी हमलों के लिए प्रशिक्षण और आर्थिक मदद मुहैया कराती है। यही नहीं वह लश्कर के आतंकियों को सुरक्षित पनाहगाह भी उपलब्ध कराती है। होमलैंड सुरक्षा समिति की आतंकवाद निरोधी और खुफिया उपसमिति के प्रमुख किंग ने कहा कि लश्कर का ध्यान कश्मीर मुद्दे पर केंद्रित हैं। यह ऐसा मसला है जिसमें नियमित रूप से निर्दोष भारतीय मारे जाते हैं। उन्होंने अमेरिकी सरकार से दो मई, 2011 को पाकिस्तान के एबटाबाद में अमेरिकी कार्रवाई में अलकायदा सरगना ओसामा बिन लादेन के मारे जाने के बाद वहां से बरामद दस्तावेज को भी सार्वजनिक करने की मांग की। उनके मुताबिक ये दस्तावेज लश्कर के साथ आइएसआइ के संबंधों को बेहतर तरीके से बता सकेंगे। उन्होंने कहा कि लश्कर ने भारत में अमेरिकी नागरिकों की हत्या की, अफगानिस्तान में अमेरिकी सैनिकों से संघर्षरत है और इस देश में सक्रिय है। इसलिए हमें यह मानकर चलना चाहिए कि भविष्य में लश्कर हमारे देश पर हमला कर सकता है। न्यूयॉर्क से डेमोक्रेटिक सांसद ब्रायन हिग्गिंस ने कहा कि ऐसे सुबूत मिले हैं जिससे पता चलता है कि अलकायदा ने मुंबई हमलों (26/11)की तकनीक पश्चिम में अपनाने की कोशिश की।