19 February 2019



अंतरराष्ट्रीय
मुशर्रफ के साथ जजों के खिलाफ भी चले मुकदमा: गिलानी
25-06-2013

लाहौर। पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री यूसुफ रजा गिलानी ने उन जजों के खिलाफ भी राजद्रोह का मुकदमा चलाने की मांग की है जिन्होंने अक्टूबर, 1999 में सैन्य तख्तापलट के दौरान पूर्व सैन्य शासक परवेज मुशर्रफ का साथ दिया था। पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी [पीपीपी] के वरिष्ठ नेता गिलानी ने यह मांग प्रधानमंत्री नवाज शरीफ द्वारा सोमवार को मुशर्रफ के खिलाफ दो बार देश के संविधान का उल्लंघन करने के मामले में राजद्रोह का मुकदमा चलाने की घोषणा के बाद की है। सुप्रीम कोर्ट के 12 जजों की पीठ ने मई, 2000 में सर्वसम्मति से अक्टूबर, 1999 के तख्तापलट को मान्यता दी थी। साथ ही मुशर्रफ को तीन साल के लिए विधायिका और कार्यपालिका की शक्तियां सौंपी थी। सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश इफ्तिखार चौधरी भी इस पीठ के सदस्य थे मौजूदा न्यायपालिका के किसी सदस्य का नाम लिए बिना गिलानी ने कहा कि मुशर्रफ के तख्तापलट को वैधानिक करार देने वालों के खिलाफ भी संविधान की धारा छह का उल्लंघन करने के आरोप में राजद्रोह का मुकदमा चलाया जाना चाहिए। गिलानी ने उस मुद्दे के बारे में बोलने की हिम्मत की है जिसके बारे में अन्य पाकिस्तानी नेता बमुश्किल की कुछ कहते हैं। पिछले साल मुख्य न्यायाधीश चौधरी की अध्यक्षता वाली पीठ ने राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी के खिलाफ भ्रष्टाचार के मामलों को दोबारा खोलने से इन्कार करने पर गिलानी को प्रधानमंत्री पद के लिए अयोग्य ठहराया था।