19 February 2019



खेलकूद
मौजूदा दौर के स्पिन गेंदबाजों से निराश हैं प्रसन्ना
07-09-2013
मौजूदा दौर के स्पिन गेंदबाजों से निराश भारत के पूर्व दिग्गज क्रिकेटर इरापल्ली प्रसन्ना ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में एक भी ऐसा स्पिन गेंदबाज नहीं है जो विकेट लेने की कोशिश करता हो।

प्रसन्ना ने पैनल डिस्कसन में कहा कि ईमानदारी से अगर मुझसे पूछा जाए तो वर्तमान समय में एक भी ऐसा स्पिन गेंदबाज नहीं है जो विकेट लेने की कोशिश करता हो? विशेषकर ऑफ स्पिनर। वास्तव में स्पिनर पैड को निशाना बनाकर गेंदबाजी करते है और एलबीडब्ल्यू आउट करने की कोशिश करते हैं। उन्होंने कहा कि यदि कोई गेंदबाज ऐसा कर रहा तो वह अपनी प्रतिभा से न्याय नहीं कर रहा है। अगर गेंदबाज विकेट लेने की कोशिश नहीं करेगा तो उसे विकेट कैसे मिलेगा?

प्रसन्ना ने अपने दौर को याद करते हुए कहा कि जब हम टेस्ट क्रिकेट खेलते थे। तब बिशन सिंह बेदी और चंद्रशेखर मिड ऑन व मिड ऑफ पर छह कदम की दूरी पर रहते थे। मैं उस समय सोचता था कि गेंद उन तक कम से कम पहुंचे। इससे यह हुआ कि मेरी गेंदबाजी क्षमता विकसित हुई।

प्रसन्ना ने कहा कि नजदीकी क्षेत्ररक्षक अजित वाडेकर और एकनाथ सोलकर खड़े रहते थे और मैं ऐसी गेंदबाजी की कोशिश करता था कि गेंद उनके पास ज्यादा से ज्यादा पहुंचे। उन्होंने कहा कि बल्ले और गेंद के बीच वास्तव में तब असली भिड़ंत होती थी जो अब देखने को नहीं मिलती।

इस दौरान बिसन सिंह बेदी ने कहा कि उन्हें समझ में नहीं आ रहा कि गेंदबाज दूसरा या तीसरा डालने की कोशिश क्यों करते हैं? क्रिकेट के मैदान में यह स्वीकार्य नहीं होना चाहिए। उन्होंने स्पिन गेंदबाजों को दूसरा-तीसरा भूल जाने और नियमित रूप से अच्छी गेंद डालने की कोशिश करने की सलाह दी।