22 February 2019



राष्ट्रीय
अमन के दुश्मनों की करतूत है अतंकी हमला: मनमोहन सिंह
26-09-2013
भारत और पाकिस्तान के बीच संबंध सुधार की कोशिशों को निशाना बनाते हुए सीमा पार से आए आतंकियों ने जम्मू-कश्मीर में दोहरा हमला किया है जिसमें 12 सुरक्षाकर्मी मारे गए हैं। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस हमले को अमन के दुश्मनों की एक और नृशंस व उकसाऊ करतूत करार दिया है। हालांकि संयुक्त राष्ट्र महासभा के हाशिये पर पाक प्रधानमंत्री नवाज शरीफ से मुलाकात का एजेंडा लेकर अमेरिका पहुंचे सिंह ने स्पष्ट किया कि ऐसी घटनाएं पड़ोसी मुल्क के साथ संबंध सुधार की कोशिशों को पटरी से उतारने में कामयाब नहीं होगी

प्रधानमंत्री ने न्यूयार्क से जारी बयान में कहा कि हीरानगर पुलिस स्टेशन और सांबा में सेना कैंप पर हुए इस हमले की निंदा को लिए कोई शब्द नहीं है। जम्मू-कश्मीर में लगातार हो रही उकसाऊ आतंकी घटनाओं में ताजा हमले को एक और नमूना बताते हुए पीएम ने कहा कि भारत आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई और और सीमा पार से आतंकियों को लगातार मिलने वाली मदद को खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है। संकेत हैं कि 29 सितंबर को न्यूयार्क में होने वाली मनमोहन-शरीफ मुलाकात के कार्यक्रम में अभी तक कोई बदलाव नहीं हुआ है। वहीं प्रधानमंत्री सिंह और उनके पाकिस्तानी समकक्ष के बीच होने वाली मुलाकात में आतंकवाद का मुद्दा अहम होगा।

महत्वपूर्ण है कि जम्मू-कश्मीर में यह आतंकवादी हमला ऐसे वक्त हुआ है

जब प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह अमेरिका में पाक प्रधानमंत्री नवाज शरीफ से मिलने का कार्यक्त्रम लेकर गए हैं। इस साल की शुरुआत से लेकर अब तक हुए आतंकवादी हमलों और सीमा पर हुई वारदातों के मद्देनजर दोनों मुल्कों के रिश्ते तनावपूर्ण दौर से गुजर रहे हैं। सीमा पर भारतीय जवानों की हत्या से लेकर घाटी में सुरक्षा बलों को निशाना बनाते हुए हो रहे हमलों ने चिंताओं को बढ़ाया है।

घाटी में बढ़ते हिंसा के ग्र्राफ के मद्देनजर मुख्य विपक्षी दल भाजपा ने प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की पाकिस्तानी प्रधानमंत्री से मुलाकात का विरोध किया है। पार्टी प्रवक्ता प्रकाश जावड़ेकर ने इस हमले के बाद नवाज शरीफ से होने वाली मनमोहन की वार्ता रद करने की अपील की है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री को पाकिस्तान से वार्ता करने की बहुत जल्दी है।