16 February 2019



खेलकूद
रोमांचक मैच में ड्वेन ने मुंबई को जिताया
07-05-2012

मुंबई। सचिन तेंदुलकर (74) और रोहित शर्मा (60) की बेहतरीन पारियों के बावजूद मुंबई इंडियंस लड़खड़ाहट दिखाकर गहरे संकट में पड़ गए थे लेकिन ड्वेन स्मिथ (नाबाद 24) ने आखिरी तीन गेंदों पर छक्का, चौका और चौका ठोकते हुए मुंबई को चेन्नई सुपरकिंग्स के खिलाफ दो विकेट से सनसनीखेज जीत दिला दी। मुंबई अपनी सातवीं जीत के बाद 14 अंकों के साथ तालिका में तीसरे स्थान पर है जबकि चेन्नई छठी हार झेलने के बाद 11 अंकों के साथ चौथे स्थान पर है।आखिरी गेंद पर टिकी सबकी नजरे मुंबई को आखिरी ओवर में जीत के लिए 16 रन चाहिए थे। लेकिन दूसरी गेंद पर लसित मलिंगा बोल्ड हो गए। अब लग रहा था कि मैच चेन्नई की झोली में गया लेकिन स्मिथ ने बेन हिल्फेनहास की चौथी गेंद पर लाग आन के ऊपर से छक्का मारा, पांचवी फुलटास गेंद पर गेंदबाज के सिर के ऊपर से चौका पड़ा और आखिरी गेंद भी सीमारेखा के पार पहुंच गई। मुंबई इंडियंस के खिलाड़ी और पूरा वानखेडे स्टेडियम खुशी से उछल पड़ा। आखिर एक अविश्वसनीय जीत उन्हें मिल गई। मुंबई ने आठ विकेट पर 174 रन बनाकर चेन्नई के आठ विकेट पर 173 रन के स्कोर को पार कर लिया।सचिन के बाद लड़खड़ाएं मुंबई इंडियंस लक्ष्य का पीछा करते हुए मुंबई ने हालांकि जेम्स फ्रेंकलिन (एक) को आठ रन के स्कोर पर गंवा दिया लेकिन सचिन और रोहित ने बेहतरीन बल्लेबाजी करते हुए दूसरे विकेट के लिए 126 रन की साझेदारी कर डाली। सचिन अब मात्र 44 गेंदों में 11 चौकों और एक छक्के की मदद से 74 रन बनाकर 16 वें ओवर में आउट हुए तब मुंबई का स्कोर 134 रन था। लेकिन इसके बाद तो जैसे मुंबई के बल्लेबाज अनावश्यक हड़बड़ाहट दिखाते हुए अपने विकेट गंवाते चले गए। दिनेश कार्तिक (11) को ड्वेन ब्रावो ने बोल्ड किया। अम्बाति रायडू खाता खोले बिना रवीन्द्र जडेजा की गेंद पर बोल्ड हुए।रोहित के बाद लगी विकेटों की झड़ी रोहित से उम्मीदें थीं लेकिन 46 गेंदों में छह चौकों और दो छक्कों की मदद से 60 रन की उम्दा पारी खेलने के बाद वह 18वें ओवर की आखिरी गेंद पर बोल्ड हो गए। जडेजा ने इस ओवर में दो विकेट लेकर चेन्नई को मुकाबले में ला दिया। 19 वें ओवर में रोबिन पीटरसन (शून्य) रन आउट हुए जबकि कप्तान हरभजन सिंह पहली ही गेंद पर कैच थमा बैठे। लासित मलिंगा (शून्य) अगले ओवर में बोल्ड हुए लेकिन स्मिथ के तीन निर्णायक प्रहारों ने चेन्नई की उम्मीदों पर पानी फेर दिया। चेन्नई की तरफ से हिल्फेनहास, ब्रावो और जडेजा ने दो-दो विकेट लिए। चुनौतीपूर्ण स्कोर भी काम न आया इससे पहले चेन्नई ओपनर मुरली विजय (41) सुरेश रैना (36) ड्वेन ब्रावो (40) और कप्तान महेंद्र सिंह धोनी (25) की उपयोगी पारियों से आठ विकेट पर 173 रन का मजबूत स्कोर बनाने के बावजूद उसका बचाव नहीं कर सकी। मुंबई ने टास जीतकर पहले क्षेत्ररक्षण करने का फैसला किया। चेन्नई ने अच्छी शुरूआत करते हुए पहले विकेट के लिए 47 रन जोडे। फाफ डू प्लेसिस नौ रन बनाकर रन आउट हुए और विजय 29 गेंदों में चार चौकों तथा तीन छक्कों की मदद से 41 रन बनाकर आर पी सिंह का शिकार बने। चेन्नई ने पांच रन के अंतराल में अपने दोनों ओपनरों को गंवा दिया। रैना और ब्रावो ने तीसरे विकेट के लिए 62 रन की साझेदारी की।रैना 21 गेंदों में तीन चौकों और दो छक्कों के सहारे 36 रन बनाकर जेम्स फ्रें कलिन की गेंद पर आर पी को कैच थमा बैठे। ब्रावो चौथे विकेट के रूप में 158 के स्कोर पर आउट हुए। उन्हें लसित मलिंगा ने बोल्ड किया। ब्रावो ने 33 गेंदों पर 40 रन की पारी में चार चौके और एक छक्का लगाया। कप्तान धोनी भी जल्दी ही आउट हो गए जबकि एल्बी मोर्कल, रवींद्र जडेजा और रविचंद्रन अश्विन के विकेट आखिरी सात गेंदों के अंतराल में गिरे। धोनी ने अपने 25 रन में दो चौके और एक छक्का लगाया। मोर्कल तीन, जडेजा नौ और अश्विन खाता खोले बिना आउट हुए। मलिंगा ने आखिरी ओवर की अंतिम दो गेंदों पर जडेजा और अश्विन को पवेलियन भेजा। आर पी ने 28 रन पर तीन विकेट और मलिंगा ने 25 रन पर तीन विकेट झटके। फ्रेंकलिन को आठ रन पर एक विकेट मिला।